चंबल नदी से श्यामपुर के जंगल से होते हुए रेत लेकर आ रहे तीन ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को पकड़ने के लिए घड़ियाल रेंज की टीम पीछे लगी। इसमें एक ट्रैक्टर-ट्रॉली तो उनके हाथ लग गया। लेकिन दो मौके से भागने में सफल हो गए। यहां जब्त किए गए रेत से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली को ओछापुरा थाने में खड़ा कर दिया गया है।
सबलगढ़ रेंज के घड़ियाल फॉरेस्ट एसडीओ को सूचना मिली कि श्यामपुर की से ओछापुरा होते हुए रेत को माफिया ट्रैक्टर-ट्रॉली से ला रहे है। इस पर मंगलवार की शाम एडीओ आरआर अटल मौके सिरोली के जंगल में पहुंच गए। यहां टीम ने घेराबंदी शुरु ही की थी, तीन ट्रैक्टर रेत से भरे हुए तेजी से जाने लगे। जिन्हें ड्राइवर तेजी से भाग रहे थे। इस पर टीम ने एक ट्रैक्टर-ट्रॉली पकड़ लिया जो कि हुकुम सिंह रावत का है। जबकि दो ट्रैक्टर-ट्रॉली मौके से भागने में सफल हो गए। यहां जब्ती का पंचनामा बनाते हुए विभागीय टीम ने उक्त ट्रैक्टर-ट्रॉली को ओछापुरा थाने में रखवा दिया और इसके राजसात करने का प्रकरण तैयार करने की प्रक्रिया शुरु कर दी।
कोरोना का डर, 108 छात्र-छात्राएं नहीं देने आए परीक्षा
कक्षा 12वीं के शेष विषयों की परीक्षा लगातार जारी बनी हुई है। मंगलवार को 3 हजार से ज्यादा छात्र-छात्राओं ने 26 केंद्रों पर दो विषयों की परीक्षा दो पालियों में दी। जबकि कोरोना के डर से 108 छात्र-छात्राएं परीक्षा देने नहीं आए। वहीं केंद्रों में परीक्षार्थियों की थर्मल स्क्रीनिंग की गई।
मंगलवार की सुबह 9 बजे से लेकर दोपहर 12 बजे तक अर्थशास्त्र पेपर की परीक्षा 15 केंद्रों पर कराई गई। इसमें 249 परीक्षार्थी थे, इनमें से 240 परीक्षार्थियों ने केंद्रों पर पहुंचकर परीक्षा दी। इसमें परीक्षा में 9 परीक्षार्थी गैर हाजिर रहें। यहां परीक्षार्थियों को केंद्रों पर सोशल डिस्टेंस का पालन कराते हुए एक बैंच छोड़कर बैठाया गया। इसके साथ ही दूसरी पाली में दोपहर 2 बजे से लेकर शाम 5 बजे तक क्रॉप प्रोडक्शन एवं हार्टिकल्चर विषय की परीक्षा 26 केंद्रों पर आयोजित की गई। इस परीक्षा में 2822 में से 2723 ने परीक्षा दी। जबकि 99 परीक्षार्थी गैर हाजिर रहे। परीक्षा केंद्रों पर छात्र-छात्राओं को थर्मल स्क्रीनिंग के बाद एंट्री दी जा रही है तो केंद्रों को दो बार सेनेटाइज किया जा रहा है।
बसें चली तो गांवों में पहुंच जाएगा कोरोना
जिले में फिलहाल बसें चलने के आसार नजर नहीं आ रहे हैं। मंगलवार को मप्र बस ऑनर्स एसोसिएशन के उज्जैन संभाग के पदाधिकारियों की मोबाइल मीटिंग के बाद ये स्थिति बनती दिखाई दी। बस मालिक व एसोसिएशन के पदाधिकारी बुधवार को कलेक्टर आशीष सिंह से मिलकर अपनी परेशानियों, निर्णय से अवगत करवाएंगे।
पदाधिकारियों ने कहा- कोरोना संक्रमण अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। यदि बसें संचालित की जाती है तो कोरोना गांव-गांव में पहुंच जाएगा। यदि चालक-क्लीनर संक्रमित हो गए तो उनकी जिम्मेदारी कौन लेगा? इसके अलावा एसोसिएशन के पदाधिकारी ये बिंदू भी सामने रखेंगे कि यदि बहुत ही आवश्यक हैं तो शासन-प्रशासन उनसे बसें अधिग्रहित करें और चलाए। मप्र बस ऑनर्स एसोसिएशन के उज्जैन संभाग के प्रभारी शिव शर्मा ने कहा- प्रतिनिधिमंडल कलेक्टर चर्चा करेंगे।
फरवरी, मार्च का जीएसटी रिटर्न 30 तक भर सकेंगे
ऐसे व्यापारी जिन्होंने जुलाई 2017 से जनवरी 2020 तक के जीएसटी रिटर्न फाइनल नहीं किए हैं और इन पर कोई टैक्स बकाया नहीं है तो ऐसे व्यापारियों को अब रिटर्न फाइल करने पर लेट फीस नहीं भरना होगी। छोटे व्यापारियों को भी 30 सितंबर तक रिटर्न फाइल करने का समय दिया गया है।
निर्धारित समय के बाद ब्याज की दरों को 50 प्रतिशत तक कम किया गया है जिससे छोटे-बड़े व्यापारियों को लाभ मिलेगा। कर सलाहकार नकुल जैन ने बताया 5 करोड़ से कम टर्न ओवर वालों को भी फायदा हो रहा है। इसके चलते फरवरी 2020 से मई 2020 तक जो रिटर्न फाइल किए जाएंगे उसमें 18 प्रतिशत वार्षिक ब्याज की जगह 9 प्रतिशत वार्षिक कर दिया गया है। अगर 1 जुलाई 2017 से 31 जनवरी 20 तक अगर कोई व्यवसायिक टर्न ओवर नहीं हुआ है तो इस अवधि की उन्हें लेट फीस नहीं देना होगी। यदि व्यापारी की किसी महीने में टैक्स की देनदारी होती है तो उसे पूर्व में अधिकतम 10 हजार रुपए टैक्स लगता था जो कि अब 500 रुपए प्रतिमाह तक सीमित कर दिया गया है। जैन ने बताया 5 करोड़ से कम टर्न ओवर वाले व्यापारियों को फरवरी, मार्च का रिटर्न 30 जून, अप्रैल का रिटर्न 6 जुलाई तक और मई का 13 जुलाई तक भरना होगा।
5 करोड़ से अिधक टर्न ओवर वाले व्यापारी फरवरी, मार्च और अप्रैल का रिटर्न 24 तक भरें तो 9% ब्याज देना होगा
जैन ने बताया 5 करोड़ से अधिक टर्न ओवर वाले व्यापारी अगर फरवरी, मार्च और अप्रैल का रिटर्न 24 जून तक जमा करते हैं तो उन्हेें 18 प्रतिशत की जगह 9 प्रतिशत वार्षिक की दर से ब्याज देना पड़ेगा। व्यापारियों को 24 जून तक फरवरी, मार्च और अप्रैल के सारे रिटर्न भरने हैं। जिन व्यापारियों ने जुलाई 2017 से जनवरी 2020 तक का जीएसटी रिटर्न तीन बी फाइल नहीं किया है तो प्रति 500 रुपए पर रिटर्न के हिसाब से लेट फीस लागू होगी। घटी दर की लेट फीस 1 जुलाई 2020 से 30 सितंबर 2020 के दौरान जीएसटी रिटर्न फाइल करने पर लागू होगी।
छोटे व्यापारियों को लाभ
- छोटे व्यवसायियों को फरवरी से अप्रैल 2020 का जीएसटी रिटर्न 6 जुलाई 2020 तक भरने पर कोई लेट फीस और ब्याज नहीं लगेगा। 6 जुलाई के बाद रिटर्न फाइल करने पर 30 सितंबर 2020 तक जीएसटी रिटर्न जमा करने पर केवल 9% ब्याज देना होगा।
- जैन ने बताया ऐसे करदाता जिनका पंजीयन 12 जून 2020 के पहले रिटर्न नहीं भरने के कारण निरस्त हो गया था। उन्हें सरकार द्वारा एक मौका दिया गया है, वे 30 जून त रिटर्न भर सकते हैं।
0 coment rios:
Hi friends