सोमवार, 22 मार्च 2021

शराबबंदी पर बोलीं उमा भारती:राजस्व क्षतिपूर्ति के उपाय निकालने होंगे नहीं तो योजनाएं ठप हो जाएंगी


  • जैसीनगर में वीरांगना अवंतीबाई लोधी के बलिदान दिवस पर आयोजन

वीरांगना अवंतीबाई लोधी बलिदान दिवस पर सुरखी विधानसभा के जैसीनगर में रविवार को कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें मप्र की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती भी शामिल हुईं। मीडिया से चर्चा करते हुए उन्होंने पिछले दिनों शराब बंदी को लेकर की गई प्रेस कांफ्रेंस पर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि सरकार को राजस्व की क्षतिपूर्ति को लेकर उपाय निकालने होंगे, नहीं तो योजनाएं ठप हो जाएंगी। उन्होंने कहा कि मेरा अभियान अलग-अलग फेस में चलाया जाएगा। तब तक सरकार को मौका देंगे कि राजस्व की क्षतिपूर्ति का रास्ता निकाल लें। प्रदेश में अवैध शराब भी काफी बिक रही है। अभियान उसके खिलाफ भी हैं।

उमा भारती ने कहा कि देश में शराब बंदी के तीन उदाहरण हैं। इनमें गुजरात इसलिए सफल है कि समुद्री तट के बंदरगाहों से उनके राजस्व की भरपाई हो जाती है। हरियाणा में शराब बंदी असफल रही। जबकि बिहार में नितीश कुमार ने शराबबंदी की। उन्होंने भी 2 से 3 साल लग गए। इसलिए मैं मुख्यमंत्री शिवराज सिंह के साथ तैयारियां कर रही हूं। एकदम शराबबंदी करने से राजस्व की कमी आ जाएगी।

परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा- जैसीनगर से भोपाल 2 बसें चलेंगी
राजस्व व परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि विपक्ष में होते हुए भी उनके भाषणों को गौर से सुनते थे, ऐसा लगता था कि भाषण नहीं प्रवचन सुन रहे हों उनके मन में जो अंदर है वही बाहर भी प्रकट होता है। मंत्री राजपूत ने कहा कि जैसीनगर-भोपाल बस चलाने के लिए यहां बहुत मांग थी। इसको दृष्टिगत रखते हुए 4 दिन के अंदर दो बसें जैसीनगर से भोपाल चलेगी। इसके आदेश कर दिए गए हैं।

ममता मेहनती हैं, लेकिन अकेली रह गई हैं
बंगाल चुनाव को लेकर उमा भारती ने कहा कि वहां वैसी ही सरकार बन रही है, जैसी मप्र में वर्ष 2003 में बनी थी। इसके लिए ममता बनर्जी ही दोषी हैं। वह मेहनती महिला हैं, लेकिन अकेली रह गई हैं। जयश्री राम के नारे पर भड़क जाती हैं। बंगाल को टीएमसी से निजात दिलाना है। मप्र में कांग्रेस सरकार को गिरने के मामले पर उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने एमरजेंसी जैसा महापाप किया था, उसे कभी नहीं भुलाया जा सकता। उधर, उत्तराखंड में मुख्यमंत्री तीरथ रावत के फटी जींस वाले बयान को लेकर कहा कि उन्होंने माफी मांग ली है।

गंगा के अलावा कहीं मन नहीं लगता : उमा

जैसीनगर में वीरांगना अवंतीबाई लोधी के बलिदान दिवस पखवाड़े पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती कार्यक्रम में शामिल हुई। उन्होंने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि गंगा के अलावा मेरा मन कहीं लगता नहीं है। पैरों में फैक्चर की वजह से हिम्मत नहीं है, फिर भी 31 सौ किमी. की यात्रा निकालकर गंगा को भगवान विष्णु के चरणों में सागर तक पहुंचाना है। यह मेरा संकल्प है, जिसे पूरा करने लिए आप सभी दिए जलाएं और सहयोग करें।

रविवार को ब्लाक मैदान में कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने ने कहा कि मेरे स्वभाव में धोखा देना नहीं है। मैं जानती थी कि गोविंद सिंह व्यवहार कुशल है, चुनाव जीतने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ते। इस कारण जीत जाएंगें, फिर भी हल्की शंका थी इसलिए आप सभी के ‌आशीवार्द के हाथ उठने के बाद, विजयश्री की माला गोविंद के गले में पहनाई थी। सभी ने 41 हजार से जीत दिलाकर मेरे आत्म विश्वास को चौगुना कर दिया है। उन्होंने कहा कि भाजपा देश के भविष्य की पार्टी बन गई है। कांग्रेस के सत्ता में आने के बाद मप्र की हालत खराब हो गई थी, जो पहले से ही बदनाम है।

दिग्विजय सिंह पल्ला डालकर बैठे थे। मुख्यमंत्री मिस्टर इंडिया की तरह आंखों को दिखाई नहीं देते थे। सिंधिया का अपमान होने लगा था। मंत्रियों की सुनवाई नहीं होती थी। सुशासन के लिए केबिनेट मंत्री जैसा पद त्यागना छोटी बात नहीं है। लेकिन सिंधिया के साथ गोविंद सिंह ने यह हिम्मत दिखाई और कुशासन की सत्ता पलट दी। इस दौरान मंत्री प्रतिनिधि हीरा सिंह राजपूत, जिला अध्यक्ष गौरव सिरोठिया ने भी संबोधित किया।

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