जुलाई की तुलना में सैंपल कम हाेने के बाद भी अगस्त में संक्रमित बढ़ रहे हैं। मौतें भी अधिक हो रही हैं। जुलाई में 30898 सैंपल में से 1947 लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे। इनमें से 16 की मौत हो गई। जबकि अगस्त के 11 दिन में 8191 सैंपल में से 846 संक्रमित पाए गए। इनमें से 13 की मौत हो चुकी है। सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल में भर्ती 6 मरीज ंवेंटीलेटर पर हैं। 36 को ऑक्सीजन देना पड़ रही है।
संक्रमितों को अचानक ऑक्सीजन व ब्लडप्रेशर कम होने की शिकायत
कोरोना वायरस सबसे पहले नाक और ऊपरी श्वांस तंत्र में पहुंचता है जिससे सूंघने की क्षमता पर असर पड़ता है। इसका परिणाम हल्के लक्षण के रूप में दिखते हैं। एक बार ये फेंफड़े तक पहुंचा हो हालत गंभीर होनी शुरू हो जाती है। पहले बिना लक्षण वाले मरीज अधिक आ रहे थे, लेकिन अब लक्षण वाले मरीज आ रहे हैं। इनमें अचानक ऑक्सीजन और ब्लडप्रेशर कम होने की शिकायत भी है। जिन्हें फेंफड़े की बीमारी है या डायबिटीज है, उन्हें सावधानी बरतनी चाहिए।
-डॉ. अजय पाल सिंह, प्रोफेसर, मेडिसिन विभाग
डायबिटीज के साथ मोटापा व धूम्रपान करने वाले रखें विशेष सावधानी
जो लोग डायबिटिक हैं, हृदय रोग, फेंफड़ों से संबंधित बीमारी, टीबी और मोटापा से पीड़ित हैं अाैर जो लंबे समय से धूम्रपान कर रहे हैं, एेसे लोगों में रिस्क फैक्टर होने के कारण कोरोना अधिक घातक हो सकता है। इन लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम हो जाती है। धूम्रपान करने वाले व्यक्ति के फेंफड़े सिकुड़ जाते हैं। ऐसे में अगर उन्हें कोरोना हो जाए तो वह काफी गंभीर हो जाता है। एेसे मरीजों को सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए मास्क लगाना चाहिए।
-डॉ. प्रदीप प्रजापति, एसो. प्रोफेसर, मेडिसिन विभाग
Read Latest Hindi News Today
0 coment rios:
Hi friends