रविवार, 22 मार्च 2020

अमेरिका में ग्लोबल हरियाणा ग्रुप से कर रहे अपनों की मदद, कहीं राशन का इंतजाम तो कहीं नए रोजगार की व्यवस्था


पानीपत (राजेश खोखर ) .पढ़ाई-कमाई के लिए विदेश में रह रहे हरियाणवी कई गुना ज्यादा मुसीबत में हैं, क्योंकि नौकरियांे पर सबसे अिधक असर है। लोग घरों में कैद हैं। कहीं स्टूडेंट्स के पास राशन का संकट खड़ा हो गया है तो कहीं पैसे खत्म हो गए हैं। एेसे मंे वहां पहले से स्थापित सक्षम लोगों ने अलग-अलग तारीके से अपने देश के लोगों के लिए मदद की पहल की है, ताकि मिलजुल कर कोरोना से जंग को जीत सकें। ऐसे में हरियाणवी स्वदेश लौट रहे लोगों से अपील करते हैं कि देश पहुंचते ही क्वारेंटाइन जरूर करवाएं। ...पढ़िए रिपोर्ट।

विक्रम मोर, वाॅशिंगटन डीसी :स्टूडेंट्स को सर्वाधिक मदद की दरकार, उन्हें दिलाया जा रहा काम

मूलरूप से सोनीपत के रहने वाले विक्रम मोर यूएसए में अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष में आईटी हेड हैं। उन्होंने बताया कि जॉब तो वर्क फ्रॉम होम हो गई है। सबसे ज्यादा दिक्कत होटलों आदि में है। यहां आदमी ही कम हो गए हैं। इनमें हमारे देश के छात्र भी काफी हैं, जो पढ़ाई के साथ ऐसे काम करते हैं। ऐसे में हम इन स्टूडेंट की मदद करने के प्रयास कर रहे हैं। अब तक ऐसे 200 से ज्यादा छात्रों को हम दूसरी जगह काम दिलवा चुके हैं, जिससे वो अपना खर्च चला सकें। जिसको जरूरी होता है, उसे आर्थिक मदद भी कर रहे हैं। इंडियन स्टोरों पर सेनेटाइजर आदि नहीं मिल रहा, उसे भी भारतीय आपस में शेयर कर रहे हैं। यहां लोग जागरूक हैं। घरों से निकलने से बच रहे हैं।

बालेन्द्र कुंडू, न्यूजर्सी :अमेरिका में आपस में हरियाणवी शेयर कर रहे आटा और चावल

यूएसए के न्यूजर्सी में रह रहे ग्लोबल हरियाणा के प्रेजिडेंट और मूलरूप से रोहतक के रहने वाले बालेन्द्र कुंडू ने बताया कि अमेरिका के इस एरिया में दिक्कत ज्यादा है। खाने के समान की काफी किल्लत है। भारतीय लोगों को दिक्कत ज्यादा इसलिए है, क्योंकि न आटा मिल रहा और न ही चावल। पानी के बोतलों की भी कमी है। यहां भारतीय ठीक संख्या में हैं और सभी एक-दूसरे से जुड़े हैं। इसलिए जिसको भी जरूरत होती है, वे आपस में पानी, आटा और चावल जैसे समान शेयर करते हैं। सामान्य बीमारियों के चेकअप के लिए डाॅक्टरों का समय नहीं मिल रहा। बाहर बहुत कम निकल रहे हैं। यहां से जो लोग देश में जा भी रहे हैं तो उनसे अपील करते हैं कि जाते ही खुद को क्वारेंटाइन जरूर करवाएं।
विक्रम मोर, वाॅशिंगटन डीसी (बांए) बालेन्द्र कुंडू, न्यूजर्सी (दांए)



SHARE THIS

Author:

Etiam at libero iaculis, mollis justo non, blandit augue. Vestibulum sit amet sodales est, a lacinia ex. Suspendisse vel enim sagittis, volutpat sem eget, condimentum sem.

0 coment rios:

Hi friends